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कोमल हो स्त्री हो कल वो सतरंगी पल रंग सहज नेह का रंग सतरंगी इश्क न हो इच्छा प्रेम केमिकल रंग कोई अनकही सिहरन हो हो सकता है तुम एक किरण हो अधर सजी मुस्कान प्रीत रंग बरसे प्यार प्राकृतिक रंग hindikavita

Hindi सतरंगी हो प्रीत Poems